Wednesday, April 16, 2014

ये हैं मेरे देवर ..आधे पति परमेश्वर


एक लड़का और एक लड़की की शादी हुई ...दोनों बहुत खुश थे! स्टेज पर फोटो सेशन शुरू हुआ! दूल्हे ने अपने दोस्तों का परिचय साथ खड़ी अपनी साली से करवाया " ये है मेरी साली , आधी घरवाली " दोस्त ठहाका मारकर हंस दिए !

दुल्हन मुस्कुराई और अपनी सहेलियों का परिचय अपने देवर से करवाया " ये हैं मेरे देवर ..आधे पति परमेश्वर "

ये क्या हुआ ....? अविश्वसनीय ...अकल्पनीय ! भाई समान देवर के कान सुन्न हो गए! पति बेहोश होते होते बचा!

दूल्हे , दूल्हे के दोस्तों , रिश्तेदारों सहित सबके चेहरे से मुस्कान गायब हो गयी! लक्ष्मण रेखा नाम का एक गमला अचानक स्टेज से नीचे टपक कर फूट गया! स्त्री की मर्यादा नाम की हेलोजन लाईट भक्क से फ्यूज़ हो गयी!

थोड़ी देर बाद एक एम्बुलेंस तेज़ी से सड़कों पर भागती जा रही थी! जिसमे दो स्ट्रेचर थे!
एक स्ट्रेचर पर भारतीय संस्कृति कोमा में पड़ी थी ... शायद उसे अटैक पड़ गया था!
दुसरे स्ट्रेचर पर पुरुषवाद घायल अवस्था में पड़ा था ... उसे किसी ने सर पर गहरी चोट मारी थी!

आसमान में अचानक एक तेज़ आवाज़ गूंजी .... भारत की सारी स्त्रियाँ एक साथ ठहाका मारकर हंस पड़ी थीं !

10 comments:

shikha kaushik said...

IT'S A HUGE SIX .WELDON .

सागर said...

Dhanyavaad

vandana gupta said...

सटीक

डॉ टी एस दराल said...

करारा मारा है !

Digamber Naswa said...

नहले पे दहला लगा तो सन्नाटा छा गया ...
सटीक ...

राजेन्द्र सिंह कुँवर 'फरियादी' said...

बहुत सुन्दर शव्दों की उत्तम व्यूह रचना

राजेन्द्र सिंह कुँवर 'फरियादी' said...
This comment has been removed by the author.
Devender Bisht said...

लिखा काफी सटीक है ....और हमपे लिखा है , इसे कहते है हमारी स्पोर्ट्स मैन शिप ...हमरे ऊपर कटाक्ष है हम फिर भी तारीफ कर रहे है...!

Akanksha Dureja said...

Loved it! Indian culture and patriarchy go hand in hand - so I guess patriarchy also accompanied the two patients in that ambulance.

Rashmi Ojha Pandey said...

Good one!